दीपावली से पहले सुआ नृत्य की खुशियों से गुलजार हुआ शहर, पारंपरिक संस्कृति को सहेजने की पहल
धमतरी - दीपावली पर्व से पूर्व गांवों से शहर पहुंचकर सुआ नृत्य के माध्यम से त्योहार की खुशियां बिखेरने वाली मातृशक्तियों और बच्चों की टोलियां शहर के विभिन्न सार्वजनिक स्थलों पर नजर आ रही हैं. छत्तीसगढ़ की समृद्ध परंपरा, संस्कृति और लोक मान्यताओं को जीवंत बनाए रखने में इन लोक कलाकारों की महत्वपूर्ण भूमिका है. वास्तव में यही लोग हमारी सांस्कृतिक विरासत के सच्चे वाहक हैं, जो पीढ़ी दर पीढ़ी अपनी परंपराओं को आगे बढ़ा रहे हैं.
इसी परंपरा और संस्कृति से लोगों को जोड़ने के उद्देश्य से भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं आमापारा वार्ड के सक्रिय और जुझारू पार्षद विजय मोटवानी ने उसरवारा गांव से आईं सुआ नृत्य करने वाली मातृशक्तियों का श्रीफल भेंटकर सम्मान किया और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया. इस दौरान मंगली यादव, प्रेमी ठाकुर, सरस्वती ठाकुर, जसोदा ठाकुर, सरस्वती नेताम, जयति नेताम एवं सुकमा नेताम सहित गांव की सभी मातृशक्तियां उपस्थित रहीं.
पार्षद विजय मोटवानी ने कहा कि सुआ नृत्य जैसी लोक परंपराएं दीपावली की खुशियों में चार चांद लगाने के साथ ही हमारी धर्म, संस्कृति और आध्यात्मिक विरासत को मजबूती प्रदान करती हैं. इन परंपराओं को सहेजना और आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना हम सभी का धार्मिक, सामाजिक और नैतिक कर्तव्य है. उन्होंने समाज के सभी लोगों से लोक संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए आगे आने की अपील की.
